छत्तीसगढ़ के दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: केंद्र के 4 नए श्रम कानूनों को लागू करने की तैयारी तेज

छत्तीसगढ़ के दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: केंद्र के 4 नए श्रम कानूनों को लागू करने की तैयारी तेज

रायपुर/महासमुंद: छत्तीसगढ़ के लाखों दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों और श्रमिकों के लिए न्याय की उम्मीद जगी है। छत्तीसगढ़ शासन के श्रम विभाग ने केंद्र सरकार द्वारा पारित 04 नए श्रम संहिताओं (Labour Codes) को राज्य में प्रभावी ढंग से लागू करने और कर्मचारियों की सुख-सुविधाओं में वृद्धि करने की दिशा में कदम बढ़ा दिए हैं।

मुख्यमंत्री को सौंपा गया मांग पत्र

छत्तीसगढ़ दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी फेडरेशन के प्रदेश संयोजक श्री रामकुमार सिन्हा द्वारा माननीय मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा गया था। इस पत्र में प्रमुख रूप से मांग की गई है कि:

• केंद्र सरकार के चारों नए श्रम कानूनों को छत्तीसगढ़ में तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए।

• दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के वेतन में सम्मानजनक बढ़ोतरी की जाए।

• श्रमिकों को शासन की समस्त समुचित सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।

शासन की त्वरित कार्रवाई

इस मांग पर संज्ञान लेते हुए, छत्तीसगढ़ शासन के अवर सचिव श्री कीर्तिवर्धन उपाध्याय ने श्रम विभाग को कड़े निर्देश जारी किए हैं। जारी आदेश (पृ.क्रमांक/PUBR/371/2026-LABOUR) के अनुसार:

1. विभाग को पत्र में उल्लेखित मांगों पर नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा गया है।

2. की गई कार्यवाही से संबंधित फेडरेशन और आवेदकों को अवगत कराने के निर्देश दिए गए हैं।

3. इस प्रक्रिया की रिपोर्ट शासन को जल्द से जल्द सौंपने के निर्देश हैं।

क्या होगा बदलाव?

विशेषज्ञों का मानना है कि इन 04 श्रम कानूनों के लागू होने से श्रमिकों के कार्य घंटों, सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं में व्यापक सुधार होगा। विशेषकर बागबाहरा और महासमुंद सहित पूरे प्रदेश के दैनिक भोगी कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन और बोनस के नियमों का सीधा लाभ मिलने की संभावना है।

"हम लंबे समय से इन सुधारों की प्रतीक्षा कर रहे थे। शासन की इस पहल से कर्मचारियों के जीवन स्तर में सुधार आएगा।"

— फेडरेशन प्रतिनिधि मंडल

रिपोर्टर : कंचन यादव 

नारद एक्सप्रेस न्यूज़