रंग बरसे, लेकिन सेहत न बिगड़े: होली के लिए खास 'हेल्थ गाइड'

रंग बरसे, लेकिन सेहत न बिगड़े: होली के लिए खास 'हेल्थ गाइड'

रायपुर: रंगों का उल्लास और अपनों का साथ, होली का त्यौहार खुशियों की सौगात लेकर आता है। लेकिन इस उमंग के बीच आपकी एक छोटी सी लापरवाही सेहत पर भारी पड़ सकती है। बाजार में मिलने वाले जहरीले केमिकल युक्त रंग न केवल आपकी त्वचा और आंखों को नुकसान पहुँचाते हैं, बल्कि बीपी और शुगर के मरीजों के लिए भी जोखिम बढ़ा सकते हैं। पेश है इस होली के लिए एक विशेष 'हेल्थ गाइड', ताकि आपका त्यौहार सुरक्षित और सुखद रहे।

1. केमिकल वाले रंगों से तौबा, घरेलू नुस्खों से प्यार

बाजार के पक्के रंगों में लेड और क्रोमियम जैसे तत्व होते हैं जो स्किन एलर्जी और इन्फेक्शन का कारण बनते हैं।

  • हटाने का सही तरीका: रंग छुड़ाने के लिए भूलकर भी डिटर्जेंट, मिट्टी का तेल या कड़े साबुन का इस्तेमाल न करें। ये त्वचा की प्राकृतिक नमी छीन लेते हैं।

  • बेस्ट विकल्प: चेहरे के लिए बेसन, दही और चुटकी भर हल्दी का पेस्ट सबसे सुरक्षित है। यह न केवल रंग साफ करता है बल्कि त्वचा को पोषण भी देता है।

2. बीपी और शुगर के मरीज: स्वाद और सेहत का संतुलन

त्यौहार के पकवान शुगर और ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए चुनौती बन सकते हैं।

  • मीठे पर नियंत्रण: गुजिया और मिठाइयों का सेवन सीमित मात्रा में करें। संभव हो तो 'स्टीविया' या 'गुड़' से बनी मिठाइयों का विकल्प चुनें।

  • दवा का अनुशासन: होली की भागदौड़ में अपनी नियमित दवाइयां लेना न भूलें। ज्यादा नमक वाले स्नैक्स से बचें क्योंकि ये बीपी बढ़ा सकते हैं।

3. 'प्री' और 'पोस्ट' होली स्किन केयर

  • सुरक्षा कवच: होली खेलने से कम से कम 20 मिनट पहले पूरे शरीर पर नारियल या सरसों का तेल लगाएं। बालों में अच्छी तरह तेल मालिश करें ताकि रंग जड़ों तक न पहुंचे।

  • आंखों का बचाव: रंगों से आंखों को बचाने के लिए सनग्लासेस (चश्मा) पहनें। यदि आंखों में रंग चला जाए, तो उसे रगड़ने के बजाय ठंडे पानी के छींटे मारें।

4. हाइड्रेशन है जरूरी

धूप में होली खेलने और बार-बार भीगने से शरीर में पानी की कमी हो सकती है। बीच-बीच में पानी, नींबू शिकंजी या नारियल पानी पीते रहें। डिहाइड्रेशन से सिरदर्द और चक्कर आने जैसी समस्या हो सकती है।


विशेषज्ञ संदेश: "त्यौहार का असली आनंद सावधानी में है। प्राकृतिक रंगों (जैसे हल्दी, फूलों का अर्क) का प्रयोग करें और शरीर के संकेतों को नजरअंदाज न करें। यदि त्वचा पर अधिक जलन हो, तो तुरंत चिकित्सक की सलाह लें।"

 

घर पर बनाएं सुरक्षित और प्राकृतिक गुलाल

बाजार के चमकीले रंगों के बजाय, आप रसोई में मौजूद चीजों से बेहतरीन गुलाल बना सकते हैं:

  • पीला गुलाल: 2 चम्मच हल्दी पाउडर को 4 चम्मच बेसन या मक्के के आटे (कॉर्नफ्लोर) में मिलाएं। यह आपकी त्वचा के लिए उबटन का काम भी करेगा।

  • लाल गुलाल: सूखे हुए लाल गुलाब की पंखुड़ियों को पीस लें या लाल चंदन पाउडर में थोड़ा आटा मिला लें।

  • हरा गुलाल: सूखी हुई मेहंदी (बिना डाई वाली) को आटे में मिलाएं। ध्यान रहे कि गीली मेहंदी रंग छोड़ती है, सूखा पाउडर आसानी से झड़ जाता है।

  • खुशबू के लिए: इन रंगों में गुलाब जल या चंदन के तेल की कुछ बूंदें मिला दें।


होली स्पेशल डाइट चार्ट (BP और शुगर के मरीजों के लिए)

त्योहार के दौरान स्वाद और सेहत के बीच संतुलन बनाना जरूरी है। यहाँ एक आदर्श डाइट प्लान है:

सुबह (नाश्ता):

  • क्या खाएं: ओट्स, उपमा या पोहा (खूब सारी सब्जियों के साथ)।

  • क्यों: यह आपको लंबे समय तक ऊर्जा देगा और अचानक शुगर नहीं बढ़ाएगा।

  • सावधानी: सुबह की दवा या इंसुलिन लेना न भूलें।

दोपहर (होली खेलते समय):

  • ड्रिंक्स: ठंडाई पिएं, लेकिन चीनी की जगह गुड़ या स्टीविया का इस्तेमाल करें। नारियल पानी या नींबू पानी सबसे बेस्ट है।

  • स्नैक्स: तली हुई गुजिया के बजाय बेक्ड (Baked) गुजिया या भुने हुए मखाने खाएं।

  • सावधानी: शराब या कैफीन से बचें, क्योंकि ये बीपी बढ़ा सकते हैं और डिहाइड्रेशन करते हैं।

रात (डिनर):

  • क्या खाएं: हल्का भोजन जैसे मूंग दाल की खिचड़ी, ग्रिल्ड पनीर या सूप।

  • क्यों: दिनभर की भारी डाइट के बाद रात को पेट को आराम देना जरूरी है।


बीपी और शुगर के मरीज बरतें विशेष सावधानी

होली की मस्ती में अक्सर लोग अपनी डाइट और दवाओं को भूल जाते हैं, जो खतरनाक हो सकता है:

  1. शुगर (Diabetes): होली के पकवानों (गुजिया, मालपुआ) में भारी मात्रा में चीनी होती है। ज्यादा मीठा खाने से ब्लड शुगर अचानक बढ़ सकता है। कोशिश करें कि 'शुगर-फ्री' विकल्पों का चुनाव करें।

  2. बीपी (Blood Pressure): ज्यादा शोर-शराबा, भागदौड़ और नमक वाले पकवानों से ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है। अगर आपको सांस फूलने या सिरदर्द की शिकायत हो, तो तुरंत आराम करें।

  3. पानी का रखें ध्यान: होली खेलते वक्त शरीर में पानी की कमी (Dehydration) न होने दें।

बीपी-शुगर वालों के लिए प्रो-टिप:

यदि आप मिठाई खाते हैं, तो उसके बाद कम से कम 20 मिनट की वॉक जरूर करें। साथ ही, हर 1 घंटे में एक गिलास पानी जरूर पिएं ताकि टॉक्सिन्स बाहर निकल सकें।


त्वचा के लिए 'बेसन-दही' का जादू

अगर आप जिद्दी रंग से परेशान हैं, तो घबराने की जरूरत नहीं है। चेहरे और शरीर से रंग उतारने के लिए विशेषज्ञों ने सबसे कारगर उपाय बताया है:

  • नुस्खा: बेसन, दही और थोड़ा सा नींबू का रस मिलाकर पेस्ट बनाएं।

  • इस्तेमाल: इसे प्रभावित हिस्से पर 10-15 मिनट लगा रहने दें और फिर हल्के हाथों से रगड़कर धो लें।

  • फायदा: दही त्वचा को नमी देता है और बेसन गहराई से सफाई करता है, जिससे रंग आसानी से निकल जाता है।

होली के लिए खास टिप्स (Safety Checklist)

  • श्रेणी क्या करें क्या न करें
    त्वचा खेलने से पहले सरसों या नारियल का तेल लगाएं। डिटर्जेंट या कपड़े धोने वाले साबुन का उपयोग न करें।
    आंखें चश्मा पहनकर होली खेलें। आंखों में रंग जाने पर रगड़ें नहीं, ठंडे पानी से धोएं।
    बाल बालों को बांधकर रखें और कैप लगाएं। खुले बालों में सूखा गुलाल न जमने दें।
    सेहत समय पर अपनी दवाइयां लेते रहें। खाली पेट या बहुत ज्यादा भारी भोजन करके न खेलें।

रिपोर्टर:कंचन यादव 

नारद एक्स्प्रेस न्यूज